आत्म-ज्ञान – अपने या अपने स्वयं के उद्देश्यों या चरित्र की समझ।

आत्म-ज्ञान – अपने या अपने स्वयं के उद्देश्यों या चरित्र की समझ। आत्म-ज्ञान, अर्थात स्वयं का ज्ञान, सर्वोच्च ज्ञान है, जिसके अभाव में प्रत्येक ज्ञान निरर्थक है। इस ज्ञान के बिना सब कुछ अधूरा है लेकिन मानव स्वभाव इसके विपरीत है जो केवल दूसरों को जानने और समझाने की कोशिश करता है। वह खुद को …

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